भारतीय क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह उनका खेल नहीं, बल्कि उनके पिता का गुस्सा है। मैनचेस्टर टेस्ट में शानदार प्रदर्शन के बावजूद वॉशिंगटन सुंदर को चयनकर्ताओं द्वारा नजरअंदाज किए जाने पर उनके पिता एम. सुंदर ने नाराजगी जताई है।
एम. सुंदर ने कहा, "मेरे बेटे को लगातार अनदेखा किया जा रहा है। दूसरे खिलाड़ियों को मौका दिया जाता है, लेकिन वॉशिंगटन को नहीं। जब वह मौका पाता है, तो हमेशा टीम के लिए उपयोगी साबित होता है। फिर भी उसे स्थायी स्थान क्यों नहीं दिया जा रहा?"
हाल ही में इंग्लैंड के खिलाफ मैनचेस्टर में खेले गए टेस्ट मैच में वॉशिंगटन सुंदर ने शानदार ऑलराउंड खेल दिखाया। उन्होंने पहली पारी में 45 रन बनाए और गेंदबाजी में भी किफायती प्रदर्शन करते हुए 2 विकेट झटके। इसके बावजूद अगली सीरीज़ के लिए उनके नाम पर विचार नहीं किया गया।
वॉशिंगटन सुंदर के पिता की प्रतिक्रिया ने चयन प्रक्रिया को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि एक परफॉर्मिंग खिलाड़ी को नजरअंदाज करना टीम मैनेजमेंट की दीर्घकालिक सोच पर सवाल उठाता है।
वॉशिंगटन सुंदर ने भारत के लिए कई मैचों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, खासकर टेस्ट क्रिकेट में ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के खिलाफ। 2021 के गाबा टेस्ट में उन्होंने अर्धशतक लगाया था, जिसने भारत को ऐतिहासिक जीत दिलाने में मदद की थी।