लंदन। ब्रिटेन के शाही परिवार के सदस्य Prince Andrew को सार्वजनिक पद के दुरुपयोग के संदेह में गिरफ्तार किए जाने के बाद देश की राजनीति और राजशाही में हलचल तेज हो गई है। पुलिस ने पुष्टि की है कि यह कार्रवाई अमेरिकी वित्तीय अपराधी Jeffrey Epstein से उनके पुराने संबंधों को लेकर चल रही जांच के तहत की गई है।
सूत्रों के अनुसार, एंड्रयू को कई घंटों तक हिरासत में रखकर पूछताछ की गई। जांच एजेंसियों का मानना है कि मामला केवल व्यक्तिगत संबंधों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सार्वजनिक पद के दुरुपयोग और संभावित प्रभाव के इस्तेमाल से जुड़ा हो सकता है। हालांकि आधिकारिक रूप से आरोप तय नहीं किए गए हैं और जांच जारी है।
पुलिस ने कहा है कि “कानून के तहत सभी व्यक्तियों के साथ समान व्यवहार किया जाता है, चाहे उनकी सामाजिक या राजकीय स्थिति कुछ भी हो।”
गिरफ्तारी के बाद 2019 में दिया गया एंड्रयू का चर्चित टीवी साक्षात्कार फिर चर्चा में है। BBC के कार्यक्रम न्यूज़नाइट में पत्रकार Emily Maitlis के साथ हुए उस इंटरव्यू को व्यापक रूप से “कार क्रैश इंटरव्यू” कहा गया था, क्योंकि उसमें एंड्रयू अपने और एपस्टीन के संबंधों पर संतोषजनक स्पष्टीकरण देने में असफल रहे थे।
बताया जा रहा है कि इंटरव्यू की मेजबान भी ताजा घटनाक्रम से “स्तब्ध” हैं और उन्होंने कहा है कि यह मामला ब्रिटिश राजशाही की साख के लिए गंभीर चुनौती है।
गिरफ्तारी के बीच King Charles III ने सार्वजनिक कार्यक्रमों को जारी रखा है। शाही सूत्रों का कहना है कि राजा “शांत और संयमित” हैं तथा मामले को कानूनी प्रक्रिया पर छोड़ दिया गया है। बकिंघम पैलेस की ओर से जारी संक्षिप्त बयान में कहा गया है कि यह व्यक्तिगत मामला है और चल रही जांच पर कोई टिप्पणी करना उचित नहीं होगा।
ब्रिटेन की विपक्षी पार्टियों ने मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग की है। मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि यदि आरोप सिद्ध होते हैं, तो यह सार्वजनिक जीवन में जवाबदेही की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि लंबी हिरासत इस बात का संकेत है कि जांच एजेंसियां मामले को गंभीरता से ले रही हैं। हालांकि अंतिम निष्कर्ष अदालत की प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा।
नोट: यह मामला अभी जांच के अधीन है। प्रिंस एंड्रयू ने पूर्व में अपने ऊपर लगे किसी भी अवैध आचरण के आरोपों से इनकार किया है। अदालत में दोष सिद्ध होने तक किसी को दोषी नहीं माना जाता।