वन नेशन की नीति की ‘नकल’ कर रहा गठबंधन: बार्नबी जॉयस

वन नेशन की नीति की ‘नकल’ कर रहा गठबंधन: बार्नबी जॉयस

कैनबरा। ऑस्ट्रेलिया की राजनीति में आव्रजन (इमिग्रेशन) नीति को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। पूर्व उपप्रधानमंत्री और अब वन नेशन पार्टी से जुड़े बार्नबी जॉयस ने दावा किया है कि गठबंधन (कोएलिशन) द्वारा प्रस्तावित सख्त आव्रजन नीति उनकी नई पार्टी की नीति की “नकल” है।

जॉयस ने कहा कि अगर उनकी पार्टी की नीतियों को अन्य दल अपना रहे हैं तो यह “सबसे बड़ी तारीफ” है। उनका कहना है कि वन नेशन लंबे समय से ऑस्ट्रेलिया में आव्रजन की संख्या घटाने और सीमा नियंत्रण को कड़ा करने की वकालत करता रहा है।

गौरतलब है कि गठबंधन की पूर्व नेता सुसान ले के नेतृत्व में तैयार की गई नई आव्रजन नीति में प्रवासियों की संख्या सीमित करने, वीजा नियमों को सख्त बनाने और स्थानीय रोजगार को प्राथमिकता देने जैसे प्रावधान शामिल हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह रुख हाल के वर्षों में बढ़ती आव्रजन दर और उससे जुड़े आवास, रोजगार व बुनियादी ढांचे पर दबाव को देखते हुए अपनाया गया है।

जॉयस ने कहा, “अगर हमारी नीतियां सही नहीं होतीं तो दूसरे दल उन्हें अपनाने की कोशिश नहीं करते। यह दिखाता है कि जनता सख्त आव्रजन नियंत्रण चाहती है।”

हालांकि गठबंधन नेताओं ने “नकल” के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनकी नीति स्वतंत्र रूप से तैयार की गई है और इसका उद्देश्य देश के आर्थिक हितों और सामाजिक संतुलन को बनाए रखना है।

राजनीतिक हलकों में इस बयानबाजी को आगामी चुनावों से पहले मतदाताओं को लुभाने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि आव्रजन का मुद्दा ऑस्ट्रेलियाई राजनीति में एक बार फिर केंद्रीय विषय बनता जा रहा है, जिस पर विभिन्न दल अपनी-अपनी स्थिति स्पष्ट कर रहे हैं।