जयपुर | 12 अगस्त 2025
राजस्थान में शिक्षक भर्ती परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर धांधली का सनसनीखेज़ खुलासा हुआ है। प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय, बीकानेर की जांच में सामने आया कि 121 शिक्षकों ने सरकारी नौकरी पाने के लिए डमी उम्मीदवार बैठाए। इनमें से अकेले 114 शिक्षक जालोर जिले के हैं, जबकि उदयपुर के 4, पाली के 2 और जयपुर का 1 शिक्षक शामिल है।
तीन भर्ती परीक्षाओं में फर्जीवाड़ा
जांच में पता चला कि वर्ष 2016, 2018 और 2021 की शिक्षक भर्ती परीक्षाओं में कई उम्मीदवारों की जगह किसी और ने परीक्षा दी थी। नौकरी कर रहे व्यक्तियों के फोटो और हस्ताक्षर, परीक्षा रिकॉर्ड से मेल नहीं खाते पाए गए। इसके अलावा, कई डिग्रियां और रीट (REET) प्रमाणपत्र भी संदिग्ध निकले।
सरकार ने बनाई जांच कमेटियां
राज्य सरकार के निर्देश पर पिछले पांच वर्षों की भर्तियों की जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटियां गठित की गईं। प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने अपनी दो रिपोर्टें एसओजी (स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप) को सौंप दी हैं।
दो एफआईआर दर्ज
एसओजी ने रिपोर्ट के आधार पर दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की हैं।
पहली एफआईआर: 49 शिक्षक नामजद
दूसरी एफआईआर: 72 शिक्षक नामजद
किस वर्ष की परीक्षा में कितने संदिग्ध
रीट 2016 लेवल-1: 2
रीट 2018 लेवल-1: 54
रीट 2018 लेवल-2: 5
रीट 2021 लेवल-1: 11
रीट 2022 लेवल-1: 43
रीट 2022 लेवल-2: 6
जांच की जिम्मेदारी
मामले की गहन जांच की जिम्मेदारी एसओजी के डीएसपी जितेंद्र नावरिया को सौंपी गई है। फिलहाल सभी संदिग्ध शिक्षकों के दस्तावेज़ और सेवा रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।