पर्थ की इनवेज़न डे रैली पर बम हमला करने का आरोपी आतंकवाद के आरोप में गिरफ्तार, उम्रकैद की आशंका

पर्थ की इनवेज़न डे रैली पर बम हमला करने का आरोपी आतंकवाद के आरोप में गिरफ्तार, उम्रकैद की आशंका

Perth में आयोजित ‘इनवेज़न डे’ रैली के दौरान कथित रूप से एक व्यक्ति द्वारा देसी विस्फोटक फेंके जाने की घटना ने पूरे ऑस्ट्रेलिया में चिंता और आक्रोश पैदा कर दिया है। पुलिस और जांच एजेंसियों ने इस मामले में आरोपी व्यक्ति पर आतंकवाद से जुड़े गंभीर आरोप लगाए हैं। अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान आरोपी की ऑनलाइन गतिविधियों से नस्लवादी और घृणास्पद विचारधारा से संबंधित सामग्री सामने आई है।

पुलिस सूत्रों ने बताया कि यह घटना रैली के दौरान उस समय हुई जब सैकड़ों लोग शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आरोपी ने अचानक भीड़ की ओर एक संदिग्ध वस्तु फेंकी, जिसके बाद अफरा-तफरी मच गई। सौभाग्यवश, इस घटना में किसी की जान नहीं गई, हालांकि कुछ लोगों को हल्की चोटें आईं और कई लोग मानसिक रूप से आहत हुए।

जांच एजेंसियों ने आरोपी के मोबाइल फोन, कंप्यूटर और सोशल मीडिया खातों की गहन जांच की। इस दौरान चरमपंथी, नस्लवादी और हिंसा को बढ़ावा देने वाली सामग्री बरामद हुई, जिसके आधार पर आतंकवाद निरोधक कानूनों के तहत मामला दर्ज किया गया। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी की मंशा सार्वजनिक भय फैलाने और एक विशेष समुदाय को निशाना बनाने की थी।

सरकारी वकीलों ने अदालत को बताया कि यह केवल एक आपराधिक हमला नहीं, बल्कि विचारधारात्मक रूप से प्रेरित हिंसा का मामला है, जिसे आतंकवादी गतिविधि के रूप में देखा जाना चाहिए। यदि आरोपी पर लगे आरोप सिद्ध होते हैं, तो उसे आजीवन कारावास की सजा हो सकती है।

इस घटना के बाद पर्थ सहित कई शहरों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पुलिस ने कहा है कि सार्वजनिक आयोजनों और रैलियों की सुरक्षा की दोबारा समीक्षा की जा रही है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।

रैली के आयोजकों, मानवाधिकार संगठनों और स्थानीय नेताओं ने इस हमले की कड़ी निंदा की है। उनका कहना है कि शांतिपूर्ण विरोध लोकतंत्र का एक अहम हिस्सा है और हिंसा या नफरत के जरिए इसे दबाने की कोशिश स्वीकार्य नहीं है। नेताओं ने समाज से एकजुट होकर नफरत और चरमपंथ के खिलाफ खड़े होने की अपील की है।