सना/तेहरान | 21 जून 2025: यमन के हूती विद्रोहियों ने शनिवार को एक गंभीर चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि यदि अमेरिका, इजराइल के साथ मिलकर ईरान पर कोई सैन्य कार्रवाई करता है, तो वे लाल सागर में गुजरने वाले अंतरराष्ट्रीय जहाजों को निशाना बनाएंगे। यह चेतावनी ऐसे समय पर आई है जब ईरान और इजराइल के बीच तनाव चरम पर है और अमेरिका की मध्यस्थ भूमिका पर संदेह जताया जा रहा है।
हूती प्रवक्ता याह्या सरीआ ने एक टेलीविज़न बयान में कहा, "यदि अमेरिका ने ईरान पर हमला किया, तो हमारे लिए यह सीधा युद्ध का संकेत होगा। लाल सागर, बाब-अल-मंडेब और अरब सागर में कोई भी जहाज सुरक्षित नहीं रहेगा।" उन्होंने साफ किया कि हूती विद्रोही अपने ईरानी सहयोगियों के साथ खड़े हैं और किसी भी हमले का प्रतिशोध लेंगे।
हूती विद्रोहियों का यह बयान न केवल क्षेत्रीय स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बन सकता है, बल्कि वैश्विक व्यापार मार्गों पर भी प्रभाव डाल सकता है, क्योंकि लाल सागर विश्व के सबसे व्यस्त समुद्री मार्गों में से एक है।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया:
अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने फिलहाल हूती बयान पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है, लेकिन खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी नौसेना की गतिविधियां तेज़ कर दी गई हैं। इजराइल ने भी अपने रक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा है।
पृष्ठभूमि:
हूती विद्रोही लंबे समय से यमन में ईरान समर्थित गुट माने जाते हैं और पहले भी उन्होंने लाल सागर में जहाजों पर ड्रोन और मिसाइल हमले किए हैं। अमेरिका और सऊदी अरब इन हमलों के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराते रहे हैं, जबकि ईरान इसे नकारता रहा है।
निष्कर्ष:
यह चेतावनी ऐसे समय पर आई है जब पहले से ही पश्चिम एशिया युद्ध की दहलीज पर खड़ा है। यदि अमेरिका और ईरान के बीच टकराव हुआ तो यह न केवल क्षेत्रीय, बल्कि वैश्विक शांति और व्यापार के लिए भी बड़ा संकट बन सकता है।