कैनबरा।
ऑस्ट्रेलिया में इमिग्रेशन नीति को लेकर राजनीतिक माहौल एक बार फिर गर्माने वाला है। पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया के कंजरवेटिव सांसद एंड्र्यू हेस्ती ने संकेत दिया है कि वे अगले वर्ष इस मुद्दे पर “बड़े स्तर की राजनीतिक लड़ाई” के लिए तैयार हैं। हेस्ती का यह बयान उस समय आया है जब कुछ ही घंटे पहले यह पुष्टि हुई कि AUKUS सुरक्षा समझौता अमेरिका की हालिया समीक्षा के बावजूद “पूरा जोर” के साथ आगे बढ़ रहा है।
हेस्ती ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया की वर्तमान इमिग्रेशन व्यवस्था में व्यापक सुधार की आवश्यकता है और विपक्ष इस मुद्दे को आने वाले महीनों में प्रमुख बहस का विषय बनाएगा। उन्होंने दावा किया कि देश की सुरक्षा, सामाजिक ढांचे और आर्थिक हितों को देखते हुए इमिग्रेशन नीतियों पर कड़ी निगरानी आवश्यक है।
इसी बीच, अमेरिकी समीक्षा के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि ऑस्ट्रेलिया-यूके-अमेरिका (AUKUS) त्रिपक्षीय रक्षा साझेदारी अपने निर्धारित कार्यक्रम और उद्देश्यों के साथ आगे बढ़ेगी। इस समझौते का उद्देश्य इंडो-पैसिफ़िक क्षेत्र में रणनीतिक संतुलन बनाए रखना और ऑस्ट्रेलिया को परमाणु-संचालित पनडुब्बियों सहित उन्नत रक्षा तकनीक उपलब्ध कराना है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इमिग्रेशन और राष्ट्रीय सुरक्षा—दोनों मुद्दे अगले वर्ष ऑस्ट्रेलिया की राजनीति में प्रमुख भूमिका निभाएंगे, जिन पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस की संभावना है।