भारत और इंग्लैंड के बीच हाल ही में समाप्त हुई पांच मैचों की टेस्ट सीरीज 2-2 की बराबरी पर खत्म हुई, लेकिन केनिंग्टन ओवल में खेले गए आखिरी टेस्ट का एक वाकया अब भी सुर्खियों में है। इंग्लैंड के बल्लेबाज बेन डकेट को आउट करने के बाद भारतीय तेज़ गेंदबाज़ आकाश दीप के व्यवहार पर इंग्लैंड खेमे से नाराज़गी जताई जा रही है।
ओवल टेस्ट की पहली पारी में आकाश दीप ने डकेट को पवेलियन भेजा। डकेट जब मैदान छोड़ रहे थे, तभी आकाश ने मुस्कुराते हुए उनके कंधे पर हाथ रखा और कुछ बातें कीं। देखने में यह दोस्ताना इशारा था, लेकिन आउट होकर लौट रहे डकेट इससे खिन्न हो गए। साथी खिलाड़ी राहुल ने आकाश को तुरंत वहां से हटाया। उस समय मामला हल्का-फुल्का मानकर छोड़ दिया गया, पर अब इस पर नया बवाल खड़ा हो गया है।
इंग्लैंड के ओपनर बेन डकेट के निजी कोच जेम्स नॉट ने इंटरव्यू में आईसीसी से आकाश दीप पर कुछ मैचों के लिए प्रतिबंध लगाने की मांग की है। नॉट का कहना है, “यह सीरीज का दिलचस्प हिस्सा था, लेकिन ऐसी हरकत से युवा खिलाड़ी गलत संदेश ले सकते हैं। भविष्य में इसे रोकने के लिए सख़्त कदम ज़रूरी हैं।”
डकेट ने इस सीरीज में 51.33 की औसत से 462 रन बनाए और 82.94 के स्ट्राइक रेट से तेज़ बल्लेबाजी की। कोच नॉट ने उनकी तारीफ करते हुए कहा, “वह छोटे कद के बाएं हाथ के बल्लेबाज हैं, जो विकेट के दोनों ओर स्वीप शॉट खेल सकते हैं। उनके खिलाफ गेंदबाजी करना हमेशा चुनौतीपूर्ण होता है।”
नॉट ने यह भी खुलासा किया कि स्कूल क्रिकेट के दिनों में डकेट को आचार संहिता के उल्लंघन पर कुछ मैचों के लिए बाहर बैठाया गया था, जिससे वह और अधिक परिपक्व होकर लौटे।
हालांकि आईसीसी ने अब तक आकाश दीप पर कोई कार्रवाई नहीं की है, लेकिन इंग्लैंड खेमे की यह मांग एक नए विवाद की शुरुआत कर सकती है।