नई दिल्ली, 25 फरवरी 2026। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने उद्योगपति अनिल अंबानी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए मुंबई स्थित उनकी लग्जरी रिहायशी इमारत ‘अबोड’ (Abode) को अस्थायी रूप से अटैच कर लिया है। एजेंसी के अनुसार, इस संपत्ति का अनुमानित मूल्य 3,716.83 करोड़ रुपये है। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में की गई है, जो रिलायंस कम्युनिकेशन (RCOM) से जुड़े कथित बैंक धोखाधड़ी प्रकरण से संबंधित बताया जा रहा है।
ईडी ने यह कार्रवाई प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के प्रावधानों के तहत की है। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में जारी अस्थायी अटैचमेंट आदेश के तहत इस संपत्ति को जांच पूरी होने तक जब्त रखा जाएगा। एजेंसी का कहना है कि जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर यह कदम उठाया गया है।
‘अबोड’ नाम की यह 17 मंजिला और लगभग 66 मीटर ऊंची इमारत मुंबई के पाली हिल इलाके में स्थित है, जो शहर के सबसे प्रतिष्ठित और महंगे रिहायशी क्षेत्रों में गिना जाता है। इस इमारत को देश की प्रमुख निजी आवासीय संपत्तियों में शामिल किया जाता है।
सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई Reliance Communications (RCOM) से जुड़े कथित बैंक धोखाधड़ी मामले की जांच के क्रम में की गई है। जांच एजेंसियों का आरोप है कि बैंकों से लिए गए ऋण के उपयोग और फंड डायवर्जन को लेकर अनियमितताएं पाई गईं। इस प्रकरण में अब तक करीब 15,700 करोड़ रुपये की संपत्तियां अटैच की जा चुकी हैं।
66 वर्षीय अनिल अंबानी से इस मामले में पहले भी पूछताछ की जा चुकी है। अगस्त 2025 में वह ईडी के समक्ष पेश हुए थे। अधिकारियों के अनुसार, उन्हें जल्द ही दूसरी बार पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है। एजेंसी मामले में वित्तीय लेनदेन और संबंधित दस्तावेजों की गहन जांच कर रही है।
ईडी द्वारा जारी अस्थायी अटैचमेंट आदेश को आगे विशेष PMLA अदालत में पुष्टि के लिए प्रस्तुत किया जाएगा। अदालत की मंजूरी के बाद ही संपत्ति पर स्थायी कार्रवाई का मार्ग प्रशस्त होगा। फिलहाल, मामले की जांच जारी है और एजेंसी अन्य संबंधित पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है।
(यह समाचार उपलब्ध आधिकारिक जानकारी और एजेंसी सूत्रों के आधार पर तैयार किया गया है। मामले में संबंधित पक्ष का आधिकारिक पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रकाशित किया जाएगा।)