नई दिल्ली।
भारत और चीन के बीच लंबे अंतराल के बाद सीधी हवाई सेवाएँ 26 अक्टूबर 2025 से बहाल होने जा रही हैं। दोनों देशों के विमानन अधिकारियों के बीच महीनों से चल रही तकनीकी वार्ताओं के बाद यह समझौता हुआ है। विदेश मंत्रालय ने गुरुवार को इसकी औपचारिक घोषणा की।
यह फैसला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच हाल ही में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के दौरान हुई मुलाक़ात के बाद आया है। दोनों नेताओं की बातचीत ने इस दिशा में रास्ता साफ किया।
नए समझौते के तहत भारत और चीन की नामित एयरलाइनों को दोनों देशों के बीच सहमत रूट्स पर सीधी उड़ानें संचालित करने की अनुमति दी जाएगी। शुरुआत शीतकालीन शेड्यूल से होगी, बशर्ते सभी नियामक और वाणिज्यिक शर्तें पूरी की जाएँ।
इंडिगो एयरलाइंस ने इसकी घोषणा करते हुए बताया कि वह 26 अक्टूबर से कोलकाता-ग्वांगझो के बीच दैनिक नॉन-स्टॉप उड़ानें शुरू करेगी। इसके अलावा नियामकीय अनुमति मिलने पर जल्द ही दिल्ली-ग्वांगझो मार्ग पर भी उड़ानें शुरू करने की योजना है। इंडिगो अपने एयरबस A320 नियो विमान से इन सेवाओं का संचालन करेगी।
सीधी हवाई सेवाएँ बहाल होने से दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश और रणनीतिक साझेदारी को गति मिलने की उम्मीद है। साथ ही पर्यटन क्षेत्र में भी नया अवसर खुलेगा।