सिडनी। ऑस्ट्रेलियाई फ़िल्म और थिएटर जगत में हलचल मच गई है। एक जानी-मानी कास्टिंग डायरेक्टर, जो यह दावा करती रही हैं कि उन्होंने हॉलीवुड स्टार केट ब्लैंचेट की प्रतिभा को सबसे पहले पहचाना था, अब खुद विवादों में घिर गई हैं। उन पर आरोप है कि उन्होंने अभिनय की दुनिया में क़दम रखने के सपने देखने वाले दर्जनों युवाओं का शोषण किया और उन्हें महंगी कोचिंग योजनाओं के चंगुल में फँसाया।
कई उभरते अभिनेताओं और उनके परिजनों ने आरोप लगाया है कि डायरेक्टर ने बड़े-बड़े अवसरों का लालच देकर उन्हें प्रशिक्षण कार्यक्रमों में शामिल होने को कहा। इन योजनाओं की फ़ीस हज़ारों डॉलर तक पहुँचती थी। लेकिन प्रशिक्षण पूरा करने के बाद न तो उन्हें अपेक्षित ऑडिशन मिले और न ही इंडस्ट्री में प्रवेश का कोई ठोस मौका। कई युवाओं ने इसे “झूठे वादों और सपनों की तिजारत” करार दिया है।
यह मामला सामने आते ही ऑस्ट्रेलियाई फ़िल्म और टेलीविज़न इंडस्ट्री में खलबली मच गई है। इंडस्ट्री से जुड़े कई दिग्गजों का कहना है कि अगर ये आरोप सही साबित होते हैं तो यह सिर्फ़ पीड़ित कलाकारों के साथ धोखा नहीं, बल्कि पूरे पेशे की साख पर धब्बा होगा। कई संगठनों ने पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
फ़िलहाल इस पूरे प्रकरण की जाँच शुरू हो चुकी है। संबंधित नियामक संस्थाएँ पीड़ितों के बयान दर्ज कर रही हैं और वित्तीय लेन-देन के रिकॉर्ड की छानबीन कर रही हैं। माना जा रहा है कि यदि कास्टिंग डायरेक्टर दोषी पाई गईं तो उन पर न केवल भारी जुर्माना लगाया जा सकता है बल्कि उन्हें भविष्य में पेशेवर तौर पर काम करने से भी रोका जा सकता है।
कई युवाओं ने इस घटना से हतोत्साहित होकर अपील की है कि इंडस्ट्री में प्रवेश की इच्छा रखने वालों के लिए सुरक्षित और निष्पक्ष व्यवस्था बनाई जाए ताकि उनके सपनों का दुरुपयोग न हो।