सिडनी।
ऑस्ट्रेलिया में कामकाजी वर्ग के लिए एक समय का सबसे प्रिय सामाजिक स्थान — स्थानीय बार और पब — अब उनके बजट से बाहर होता जा रहा है। सरकार की नई दो-स्तरीय शराब नीति में जहां बीयर टैक्स को दो वर्षों के लिए फ्रीज कर दिया गया है, वहीं स्पिरिट्स यानी व्हिस्की, रम, जिन जैसे पेयों पर दोहरी टैक्स वृद्धि लागू कर दी गई है।
प्रधानमंत्री एंथनी एल्बानीज़ी ने चुनावी वादे के तौर पर बीयर पर टैक्स में राहत देने की बात कही थी, जिसे अब लागू कर दिया गया है। लेकिन यह राहत सिर्फ टैप से परोसी जाने वाली बीयर तक सीमित है। बोतल वाली बीयर और सभी प्रकार की स्पिरिट्स इस छूट से बाहर हैं।
'छोटे बार और कलाकार प्रभावित'
नाइट टाइम इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के प्रमुख मिक गिब का कहना है कि यह फैसला छोटे बार, लाइव म्यूजिक वेन्यू और सांस्कृतिक प्रदर्शन स्थलों के लिए नुकसानदायक है।
“हम कोई विशेष छूट नहीं मांग रहे, बस बराबरी की उम्मीद कर रहे हैं,” उन्होंने कहा। “सरकार अगर बीयर के टैक्स पर नियंत्रण रख सकती है, तो स्पिरिट्स के लिए भी राहत की व्यवस्था होनी चाहिए।”
महंगी होती स्पिरिट्स, कम होती भीड़
ऑस्ट्रेलियन डिस्टिलर्स एसोसिएशन के प्रमुख कैमरन मैकेंज़ी का कहना है कि यह टैक्स वृद्धि न सिर्फ निर्माताओं और होस्पिटैलिटी सेक्टर को प्रभावित करेगी, बल्कि उपभोक्ताओं के लिए उनकी पसंदीदा ड्रिंक भी महंगी हो जाएगी।
“यह केवल एक और टैक्स वृद्धि नहीं है, बल्कि एक ऐसी मार है जो देश के क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था और पर्यटन को भी झटका देगी,” उन्होंने कहा।
कामकाजी वर्ग बार से दूर
नाइट टाइम इंडस्ट्रीज की रिपोर्ट बताती है कि $80,000 से $150,000 तक की आमदनी वाले लोग अब बाहर जाकर पीना बंद कर चुके हैं, जबकि उच्च आय वर्ग ($150,000+) के लोग ही अब नियमित रूप से बाहर जाते हैं।
“लोग अब 'हैप्पी ऑवर' की जगह साल में एक-दो बार ही बाहर जाते हैं – वह भी किसी विशेष अवसर या विदेशी कलाकार के कॉन्सर्ट के लिए,” गिब ने बताया।
बीयर टैक्स फ्रीज: फायदे और आलोचना दोनों
सरकार का कहना है कि यह कदम 300,000 होस्पिटैलिटी कर्मचारियों की मदद करेगा और स्थानीय पब में सामाजिक मेलजोल को बढ़ावा देगा।
ऑस्ट्रेलियन होटल्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डेविड कैनी ने कहा,
“हम नहीं चाहते कि बार में बीयर पीना एक लग्ज़री बन जाए। टैक्स फ्रीज एक सही दिशा में उठाया गया कदम है।”
हालांकि, वित्त मंत्री जिम चाल्मर्स के अनुसार यह ‘मामूली’ राहत है, जिससे सरकार को 4 वर्षों में करीब $95 मिलियन का राजस्व नुकसान होगा।
लंबे समय से टालते रहे सुधार
बीयर और स्पिरिट्स पर टैक्स हर छह महीने में बढ़ता है और पिछले 40 वर्षों से इसमें कोई बड़ा सुधार नहीं हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पुराना सिस्टम अब लोगों को घर पर अकेले पीने के लिए मजबूर कर रहा है, जो सामाजिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों के लिए हानिकारक हो सकता है।