ऑस्ट्रेलिया ने इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) को ‘राज्य प्रायोजित आतंकवादी संगठन’ घोषित किया

ऑस्ट्रेलिया ने इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) को ‘राज्य प्रायोजित आतंकवादी संगठन’ घोषित किया

ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने आज इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) को आधिकारिक रूप से राज्य प्रायोजित आतंकवादी संगठन के रूप में सूचीबद्ध कर दिया। यह कार्रवाई ऑस्ट्रेलियाई सुरक्षा खुफिया संगठन (ASIO) की उस रिपोर्ट के बाद की गई, जिसमें बताया गया था कि IRGC ने 2024 में ऑस्ट्रेलिया के यहूदी समुदाय के खिलाफ हमलों की साजिश रची थी।

ASIO की जानकारी के मुताबिक, सिडनी में लुईस कॉन्टिनेंटल किचन पर अक्टूबर 2024 में हुए हमले और मेलबर्न के अदास इज़राइल सिनेगॉग पर दिसंबर 2024 में हुए हमले के पीछे IRGC का हाथ था। सरकार ने इन हमलों को ऑस्ट्रेलिया में भय और विभाजन फैलाने की कोशिश बताया।

इसके बाद ऑस्ट्रेलियाई संसद ने Criminal Code Amendment (State Sponsors of Terrorism) Act 2025 पारित किया, जिसके तहत विदेशी राज्य से जुड़े आतंकवादी गतिविधियों पर कार्रवाई का नया ढांचा बनाया गया। नए कानून के तहत IRGC पहला संगठन है जिसे राज्य प्रायोजित आतंकवादी घोषित किया गया है।

सरकार के अनुसार, यह कदम आतंकवाद को रोकने और उन लोगों को चेतावनी देने के लिए आवश्यक है जो किसी भी रूप में IRGC से जुड़ने या सहायता करने की कोशिश कर सकते हैं। नए कानून के अनुसार IRGC के साथ सदस्यता, सहयोग, फंडिंग, प्रशिक्षण या किसी भी तरह का समर्थन देना 25 साल तक की सजा तक पहुंच सकता है।

सरकार ने कहा कि आतंकवाद की चुनौतियाँ सीमाओं से परे हैं और ऑस्ट्रेलिया अंतरराष्ट्रीय भागीदारों के साथ मिलकर चरमपंथ के खिलाफ कार्रवाई जारी रखेगा। अधिकारियों ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी National Security Hotline 1800 123 400 पर देने की अपील की।


विदेश मंत्री पेनी वोंग का बयान

“ईरान द्वारा आयोजित हमले ऑस्ट्रेलियाई धरती पर अभूतपूर्व और खतरनाक थे। इसलिए सरकार ने IRGC को राज्य प्रायोजित आतंकवादी सूची में शामिल करने का निर्णय लिया। ऑस्ट्रेलिया में ऐसे संगठनों की कोई जगह नहीं है। हम अपने देश की सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाते रहेंगे।”

गृह मंत्री टोनी बर्क का बयान

“IRGC की लिस्टिंग ईरानी सरकार की घृणित कार्रवाइयों के खिलाफ सीधी प्रतिक्रिया है। यह कदम हमारी पुलिस व सुरक्षा एजेंसियों को चरमपंथ को रोकने की और अधिक ताकत देता है। हर ऑस्ट्रेलियाई का सुरक्षित महसूस करना हमारा संकल्प है।”

अटॉर्नी जनरल मिशेल रोवलैंड का बयान

“सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि हमारे आतंकवाद-रोधी कानून मजबूत और प्रभावी हों। इसलिए हमने विदेशी राज्य संस्थाओं को आतंकवादी प्रायोजक घोषित करने का कानूनी प्रावधान तेजी से लागू किया। इससे ऐसे दुष्ट तत्वों के लिए ऑस्ट्रेलिया पर हमला करना और भी मुश्किल हो जाएगा।