बरेली बवाल पर योगी का कड़ा संकेत — 24 घंटे में तीसरा अल्टीमेटम: “दंगा करने वालों को नरक का टिकट”

बरेली बवाल पर योगी का कड़ा संकेत — 24 घंटे में तीसरा अल्टीमेटम: “दंगा करने वालों को नरक का टिकट”

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को बलरामपुर में देविपाटन मंदिर में पूजा-अर्चना करने के बाद दंगाइयों को सख्त चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अराजकता फैलाने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और यदि किसी ने दंगा करने की कोशिश की तो उसे “जहन्नुम का टिकट” दिया जाएगा। यह सीएम का बीते 24 घंटे में तीसरा अल्टीमेटम माना जा रहा है।

देविपाटन मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद सीएम ने गायों को चना-गुड़ और रोटियां खिलाकर गोसेवा भी की और श्रद्धालुओं से मुलाकात की। मंच से संबोधन में उन्होंने कहा, “यूपी में अराजकता और दंगा करने वालों को मैं खुले शब्दों में बता देना चाहता हूँ — अगर किसी ने ऐसा करने की हिम्मत की तो उसे जहन्नुम का टिकट दूंगा।”

योगी ने बरेली में हुए हालिया घटनाक्रम का हवाला देते हुए कहा कि वहां जो सबक मिला, उससे दूसरों को सतर्क रहना चाहिए। उन्होंने उन लोगों की कल्पना और नारेबाज़ी पर भी कड़ी टिप्पणी की जो, उनके शब्दों में, ‘‘गजवा-ए-हिंद’’ जैसा नारा लगाकर देश के भीतर राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को बढ़ावा देने की कोशिश कर रहे हैं। सीएम ने कहा, “गजवा-ए-हिंद की कल्पना यहाँ स्वीकार नहीं की जाएगी — इसका सपना देखने वालों को नरक का टिकट मिलेगा।”

विकास में अड़चन डालने वालों की निंदा करते हुए उन्होंने कुछ जनों की तुलना पौराणिक राक्षस कालनेमि से की और कहा कि विकास में रुकावट डालने वालों का नाश होगा। उन्होंने सपा व कांग्रेस के बारे में भी आरोप लगाते हुए कहा कि कुछ राजनीतिक तत्व अराजकता के साथ जुड़े हैं।

सीएम ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ लोग समाज में अराजकता फ़ैलाने के लिए बच्चों का उपयोग कर रहे हैं — उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने छोटे बच्चों को ‘‘आई लव मोहम्मद’’ के पोस्टर देकर सामाजिक शांति भंग करने की कोशिशें की हैं। योगी ने चेतावनी दी कि ऐसी गतिविधियाँ न केवल उन लोगों की अपनी ही ज़िंदगियाँ बर्बाद कर देंगी, बल्कि बच्चों का भविष्य भी तबाह कर देंगी।

प्रदेश में आस्था के प्रतीकों के प्रति सम्मान का भाव बनाए रखने पर ज़ोर देते हुए सीएम ने कहा कि आस्था किसी चौक-चौराहे पर दिखाने की वस्तु नहीं है और कोई भी प्रदेश का माहौल खराब नहीं कर सकता। उन्होंने चेतावनी दी कि जिन लोगों ने कानून अपने हाथ में लेने की कोशिश की, उन्हें सख्त कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।

सरकारी अधिकारियों व पुलिस-बल को लेकर उन्होंने कहा कि वे स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क और तैयार हैं। सीएम के सुर कड़े होने के बावजूद इलाके में शांति बनाए रखने व विधि-व्यवस्था की अपील करने वाले व आख़बारों में व्यापक रूप से यह भी कहा जा रहा है कि तनाव को बढ़ने से रोकने के लिए समाज के सभी वर्गों को सौहार्द्रपूर्ण कदम उठाने होंगे।