दुबई, 17 सितंबर 2025 — एशिया कप 2025 का रोमांच अपने चरम पर था, लेकिन पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने मैच शुरू होने से पहले ही क्रिकेट जगत में तूफ़ान खड़ा कर दिया। पाकिस्तान ने धमकी दी कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो टीम मैदान पर नहीं उतरेगी। लगभग 70 मिनट तक जारी रहे इस नाटकीय घटनाक्रम ने सबको हैरान कर दिया। लेकिन अंत में PCB को झुकना पड़ा और टीम को मैदान में उतरना ही पड़ा।
मैच रेफरी को हटाओ — PCB का आरोप था कि मैच रेफरी एंडी पायक्रॉफ्ट अतीत में पाकिस्तान के खिलाफ पक्षपातपूर्ण रवैया दिखा चुके हैं। बोर्ड का कहना था कि उनकी मौजूदगी में निष्पक्ष अंपायरिंग संभव नहीं है।
भारतीय कप्तान पर कार्रवाई — PCB ने भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव के खिलाफ शिकायत की। उनका कहना था कि यादव ने भारत-पाक मैच के बाद राजनीतिक बयान दिया, जो खेल की मर्यादा के खिलाफ है। PCB ने मांग की कि ICC तुरंत यादव को सज़ा दे।
ICC ने PCB की दोनों मांगों को सिरे से खारिज कर दिया।
ICC का साफ़ कहना था कि पायक्रॉफ्ट जैसे सीनियर रेफरी को हटाना संभव नहीं है।
वहीं, सूर्यकुमार यादव पर कार्रवाई से भी ICC ने इनकार कर दिया।
इस जवाब के बाद PCB के पास कोई रास्ता नहीं बचा और टीम को मैदान पर उतरने का आदेश देना पड़ा।
शाम 6:00 बजे पाकिस्तान टीम होटल से बाहर नहीं निकली। खिलाड़ी बस में चढ़ने को तैयार नहीं थे।
लगभग 6:40 बजे PCB अधिकारियों की आपात बैठक हुई।
लगातार बोर्ड और टीम मैनेजमेंट के बीच चर्चा होती रही।
अंततः 7:10 बजे, लगभग 70 मिनट बाद टीम होटल से रवाना हुई और मैदान की ओर बढ़ी।
इस पूरे घटनाक्रम ने एशिया कप को कुछ देर के लिए ‘राजनीतिक अखाड़ा’ बना दिया।
सूत्रों के मुताबिक PCB जानता था कि अगर टीम ने मैच खेलने से इनकार कर दिया, तो उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। एशिया कप से बाहर होने का मतलब था टीवी प्रसारण और स्पॉन्सरशिप डील्स पर संकट।
इसी कारण, चाहे मन न हो, PCB को झुकना पड़ा और टीम मैदान पर पहुँची।
प्रतिद्वंद्वी टीम UAE के खिलाड़ी हैरान थे।
दर्शक बुरी तरह नाराज़ हुए क्योंकि मैदान में बैठी भीड़ मैच शुरू होने का इंतज़ार कर रही थी।
सोशल मीडिया पर PCB की काफ़ी आलोचना हुई। लोगों ने इसे “ड्रामा” और “धमकी का बम जो फुस्स हो गया” कहा।